दिल्ली का कनॉट प्लेस किराये पर दफ्तर खोलने के लिहाज से दुनिया का सातवां सबसे महंगा स्थान बन गया है। हालांकि पिछले साल की अपेक्षा एक स्थान निचे गया है क्योंकि पिछले साल यह छठे स्थान पर था। संपत्ति सलाहकार कंपनी सीबीआरई रिसर्च के द्विवार्षिक ग्लोबल प्राइस ऑफिस ऑक्यूपेंसी कॉस्ट्स सर्वे में यह बात कही गई है। कंपनी ने बताया, ‘नई दिल्ली में कनॉट प्लेस के सेंट्रल बिजनेस डिस्ट्रिक में एक साल का किराया 149.71 डॉलर प्रति वर्ग फुट यानी 10061.26 रुपये है। इस तरह यह दुनिया का सातवां सबसे महंगा कार्यालय स्थान है।’ इस सूची में सबसे ऊपर हांगकांग (सेंट्रल) है, जहां वाषिर्क आधार पर प्रति वर्ग फुट किराया 290 डॉलर यानी 19492.34 रुपये है।
शीर्ष दस में ये भी शामिल-
इस सूची में तीसरा स्थान बीजिंग की फाइनेंस स्ट्रीट, चौथा स्थान बीजिंग के सेंट्रल बिजनेस डिस्ट्रिक और पांचवां स्थान हांगकांग के वेस्ट कोलून का है। शीर्ष दस में टोक्यो का मारूनोउची-ओटेमाची, लंदन-सेंट्रल (शहर), न्यूयॉर्क का मिडटाउन मैनहैटन और शंघाई का पुंडोंग शामिल है पिछले साल छठे स्थान पर था।
कनॉट प्लेस दफ्तर के लिए सबसे महंगे स्थानों की सूची में पिछले साल छठे स्थान पर था। जबकि मुंबई का बांद्रा कुर्ला 16वें और नरीमन प्वाइंट 32वें नंबर पर रहा था। तब कनॉट प्लेस में सालाना किराया करीब 10061.26 रुपये था। पिछली सूची में बीजिंग फाइनेंस स्ट्रीट का तीसरा, बीजिंग सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट का चौथा व मास्को का पांचवां स्थान था।